कानपुर में #ILoveMuhammadSAW बैनर प्रकरण को लेकर पुलिस की साज़िश अब पूरे देश में चर्चा का मुद्दा बन गई है। शुरुआत में 25 मासूम मुस्लिम युवकों पर मुक़दमे दर्ज करके पुलिस ने दबाव बनाने की कोशिश की। लेकिन अब पुलिस कमिश्नर पलटी मारते हुए बयान दे रहे हैं – “#ILoveMuhammad बैनर लगाने पर मुक़दमा नहीं हुआ, बल्कि मुस्लिम युवकों ने हिंदू समाज के बैनर फाड़े इसलिए कार्रवाई की गई।”
👉 मुस्लिम समाज ने पुलिस से सीधा सवाल किया है –
⚡ अगर बैनर फाड़े गए तो उसके फोटो-वीडियो सबूत पेश करो!
⚡ सबूत के बिना झूठी कहानियाँ बनाकर मुसलमानों को बदनाम क्यों किया जा रहा है?
⚡ मासूमों पर झूठे मुक़दमे लगाना किसी साज़िश से कम नहीं!
युवा ज़िलाध्यक्ष आज़ाद पठान (समाजवादी पार्टी) ने सख़्त चेतावनी दी –
🔥 “यह लड़ाई सिर्फ कानपुर तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि पूरे मुल्क में उठेगी। #ILoveMuhammad आंदोलन को कोई भी दबाकर ख़त्म नहीं कर सकता। जब तक झूठे मुक़दमे वापस नहीं लिए जाते, तब तक यह मुहिम और तेज़ होगी। अगर इंसाफ़ नहीं मिला तो पूरा भारत सड़कों पर होगा!”
उत्तर प्रदेश से लेकर महाराष्ट्र, दिल्ली, मध्यप्रदेश और बंगाल तक मुस्लिम समाज एकजुट हो रहा है। हालात साफ़ बताते हैं कि यह संघर्ष अब देशव्यापी आंदोलन का रूप ले रहा है। पुलिस के झूठ और दोहरे रवैये के खिलाफ़ ग़ुस्से की आग पूरे देश में फैल रही है।
✍🏻 बोल आज़ाद न्यूज़
युवा ज़िलाध्यक्ष आज़ाद पठान
समाजवादी पार्टी